कैंसर के षडयंत्र

कैंसर एक षडयंत्र

Cancer cases in India likely to grow by 25% by 2020, says ICMR.

यह खबर कुछ दिनों पहले अखबार में सुर्खियां बटोर रही थी। क्या कभी आपने सोचा कि-

(1) इस खबर को छापने का क्या मकसद होगा?

(2) इस खबर को पढ़कर आम नागरिक को क्या करना चाहिए?

(3) यदि कैंसर इतनी तेजी से बढ़ रहा है तो क्या कोई उपाय है इससे बचने का?

इस खबर में कैंसर बढ़ने के आँकड़े दिये गये हैं। जिन्हें पढ़कर भयभीत होने के अलावा और कोई रास्ता नहीं है। वैसे इस खबर को प्रसारित करने का अन्य उद्देश्य आई सी एम आर ही बता सकती है।

पिछले 25 सालों में हजारों कैंसर के केस हमारे पास आये। उनमें से लगभग 50% पूरी तरह स्वस्थ हो गये। बाकी सभी को उनकी दशा के अनुरूप लाभ मिला। साधारणत: हमारे पास कैंसर के मरीज तभी पहुँचते हैं, जब उन्हें सभी जवाब दे चुके होते हैं। परन्तु कई बार ऐसे भी लोग पहुँच जाते हैं जिनमें, कैंसर होने की संभावना प्रतीत होती है। ऐसे लोगों को ज़ायरोपैथी सप्लीमेंट के कॉम्बिनेशन से कैंसर डिक्लेयर होने के पहले पूरी तरह स्वस्थ कर देती है।

हमारा अनुभव यह है कि लगभग 50% कैंसर रोगियों का जब इलाज शुरू होता है तब वास्तविक रूप में उन्हें कैंसर नहीं होता। सच्चाई यह है कि इलाज ही कैंसर बना देता है।

क्या यह एक षड्यंत्रकारी सोच का परिणाम है?

कैंसर को पूरी तरह रोका जा सकता है। परन्तु इसको मात्र इसलिये नहीं रोका जा रहा क्योंकि कैंसर बढ़ने से कुछ लोगों को अप्रत्यक्ष रूप से अत्यधिक लाभ हो रहा है। कैंसर का कीमो और रेडियेशन इलाज नहीं है। कीमो और रेडियेशन से कैंसर को कंट्रोल करने में मदद मिल सकती है, परन्तु कैंसर को पूरी तरह सिर्फ प्रतिरोधक क्षमता ही ठीक कर सकती है और प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में ज़ायरोपैथी द्वारा सुझाये गये सप्लीमेंट का कॉम्बिनेशन सबसे अधिक प्रभावशाली है।

ज़ायरोपैथी एकमात्र ऐसी स्वास्थ्य प्रणाली है जो सिर्फ कैंसर नहीं अपितु अन्य शारीरिक समस्यायों की रोकथाम में पूरी तरह सक्षम है। अतः जिन लोगों ने आई सी एम आर की रिपोर्ट पढ़ी है या जिन्होंने नहीं पढ़ी परन्तु कैंसर की बढ़ती दर से वाकिफ रखते हैं और इस खौफनाक बीमारी से बचना चाहते हैं, तो जल्द से जल्द ज़ायरोपैथी अपनायें। स्वयं के साथ-साथ अपने पूरे परिवार को ऐसी समस्यायों से बचायें।

रोकथाम में सबसे अधिक प्रभावशाली ज़ायरोपैथी।

अधिक जानकारी हेतु – www.zyropathy.com

ज़ायरोपैथी – नये ज़माने की स्वास्थ्य समस्याओं का नया उपाय।

कामायनी नरेश